Dawn and Dreams
Facing the fury of restless waves,
I journeyed till the sun smiled,
the harbour beckoned-
faded were the night jasmine flowers,
The moon was sad and somber,
but hope gave colors to my dreams,
My dreams
of a world of love and light-
peace and joy,
I know I may not wait
till the dawn
but the journey goes on
the journey goes on.
Haranand
शब्द कहां स्पर्श करते हैं?
शब्द कहां स्पर्श करते हैं?
मनोभावों को तृप्त करने की
महज यात्रा ही तो है हमारी
जो मनोनुकूल हो जाएं तो
समय कब कट जाए पता नहीं
या मन के विरुद्ध हों जाएं तो
कितना कष्टप्रद है उसे बिताना
ये मीठी हो जाएं तो संबंधों में
निरंतरता का अनवरत प्रवाह हो
ये मारक हों तो विच्छेद को साथ ही
अन्य कारक आग में घी का काम करे
शब्द स्पर्श करे सम्बन्धों को
नई ऊंचाइयों पर आगे ले जाने
अभिनव सम्बन्ध समाज निर्माण में
सदा अहम भूमिका निभाने हो कारगर
शब्द जिनसे दिखता व्यवहार हो
शब्द जिनसे सृजन का संचार हो
शब्द जिनसे संबंधों का संसार हो।
गौतम प्रधान ‘मुसाफिर’
केलो विहार रायगढ़ , छत्तीसगढ़
तुझ पर आस्था
तुझसे ही प्यार खुदा
जीवन में तुझसे ही आसक्ति है।
तू मेरी भावों की अभिव्यक्ति
मेरे प्राण की शक्ति है।
नहीं द्वंध मेरे अंतर्मन में
तू ही आस्था और भक्ति है।
आहत जन के कराह में
हर पल तेरी वस्ती है।
तू न मिले तो बेरंग
दुनिया में मेरी हस्ती है।
विश्वाश दृढ़ संकल्प कृत
तू रंग भरी जिंदगी है।
हो गयी जब विरक्ति जग से
वही धाम मुक्ति है।
मोह माया की ये दुनिया
जीवन का जंजाल है।
आना जाना इस मेले में
लोगों का काम है।
मन की यात्रा अनवरत चलती
दोनों जहाँ का शान है।
फंसती जब जीवन की कस्ती
तेरे कृपा से लगती पार है।
भविष्य के पन्नों पर उम्मीद
और खुशियों की सौगात लाती।
आहिस्ता आहिस्ता बस कर जीवन में
हर जीव के तू मोहब्बत बन जाती।
शांति सुमन

